उत्तर प्रदेश

ऑपरेशन सवेरा में स्मैक नेटवर्क पर बड़ी कार्रवाई, तीन तस्कर गिरफ्तार

Kavita2
24 Sept 2026 5:17 PM IST
ऑपरेशन सवेरा में स्मैक नेटवर्क पर बड़ी कार्रवाई, तीन तस्कर गिरफ्तार
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सहारनपुर। नशा तस्करी के खिलाफ चलाए जा रहे ‘ऑपरेशन सवेरा’ अभियान के तहत पुलिस ने बड़ी कार्रवाई करते हुए कथित स्मैक तस्करी नेटवर्क से जुड़े तीन आरोपियों को गिरफ्तार किया है। पुलिस के अनुसार, आरोपियों के कब्जे से बड़ी मात्रा में स्मैक के साथ 10 लाख रुपये नकद, इलेक्ट्रॉनिक कांटा, चार मोबाइल फोन और एक अपाचे बाइक बरामद की गई है। बरामद स्मैक की अनुमानित अंतरराष्ट्रीय कीमत करीब चार करोड़ 76 लाख रुपये बताई गई है। तीनों आरोपियों के खिलाफ एनडीपीएस एक्ट के तहत मुकदमा दर्ज कर आगे की कानूनी कार्रवाई की गई है।

एसएसपी अभिनंदन ने पुलिस लाइन में आयोजित पत्रकार वार्ता के दौरान कार्रवाई की जानकारी दी। उन्होंने बताया कि डीआईजी अभिषेक सिंह के निर्देश पर जिले में नशा तस्करी पर अंकुश लगाने के लिए ‘ऑपरेशन सवेरा’ अभियान चलाया जा रहा है। अभियान के तहत मादक पदार्थों की सप्लाई करने वाले नेटवर्क की पहचान कर उनसे जुड़े लोगों के खिलाफ कार्रवाई की जा रही है।

इसी क्रम में नकुड़ थाना पुलिस, एंटी नारकोटिक्स सेल, एसओजी और स्वाट टीम ने संयुक्त रूप से कार्रवाई करते हुए तीन आरोपियों को गिरफ्तार किया। पुलिस के मुताबिक आरोपियों को कस्बा नकुड़ से अम्बेहटापीर की ओर बिजली घर चौराहे के पास पकड़ा गया।

तीन आरोपियों को पुलिस ने पकड़ा

पुलिस के अनुसार गिरफ्तार आरोपियों की पहचान सन्नी, अर्शलान उर्फ गुड्डू और हर्षित के रूप में हुई है। सन्नी मूल रूप से ग्राम पखनपुर थाना गंगोह क्षेत्र का रहने वाला बताया गया है, जबकि उसका मौजूदा पता व्यास कॉलोनी, वीर सावरकर स्थल कैंप, बरेली बताया गया है।

दूसरे आरोपी अर्शलान उर्फ गुड्डू को कादरगंज थाना फतेहगंज पूर्वी जिला बरेली का निवासी बताया गया है। वहीं तीसरे आरोपी हर्षित का मूल पता नरेना थाना पुवांया जिला शाहजहांपुर और वर्तमान पता दुर्गा नगर कॉलोनी थाना बारादरी जिला बरेली बताया गया है।

पुलिस का दावा है कि तीनों आरोपी मादक पदार्थों की तस्करी से जुड़े नेटवर्क का हिस्सा हैं। पुलिस अब इस नेटवर्क से जुड़े अन्य लोगों के बारे में भी जानकारी जुटा रही है।

10 लाख रुपये नकद भी बरामद

पुलिस के मुताबिक आरोपियों के कब्जे से स्मैक के अलावा 10 लाख रुपये की नकदी बरामद की गई। इसके साथ इलेक्ट्रॉनिक कांटा, चार मोबाइल फोन और एक अपाचे बाइक भी जब्त की गई है।

इलेक्ट्रॉनिक कांटे का कथित तौर पर मादक पदार्थ की मात्रा तौलने में इस्तेमाल किए जाने की आशंका है। वहीं बरामद मोबाइल फोन की जांच से आरोपियों के संपर्कों और नेटवर्क के बारे में जानकारी मिलने की उम्मीद है।

पुलिस यह भी पता लगाने का प्रयास कर रही है कि बरामद नकदी का संबंध मादक पदार्थों की खरीद-बिक्री से है या नहीं। इसकी पुष्टि जांच पूरी होने के बाद ही हो सकेगी।

चार करोड़ 76 लाख बताई गई स्मैक की कीमत

पुलिस अधिकारियों ने बरामद स्मैक की अनुमानित अंतरराष्ट्रीय बाजार कीमत करीब चार करोड़ 76 लाख रुपये बताई है। इतनी बड़ी कीमत की मादक सामग्री की बरामदगी को पुलिस ‘ऑपरेशन सवेरा’ के तहत महत्वपूर्ण कार्रवाई मान रही है।

हालांकि मादक पदार्थ की वास्तविक प्रकृति और मात्रा से जुड़े वैज्ञानिक पहलुओं की पुष्टि नियमानुसार परीक्षण और आगे की कानूनी प्रक्रिया के आधार पर होती है।

पुलिस अब यह जानने की कोशिश कर रही है कि कथित तौर पर बरामद स्मैक कहां से लाई गई थी और इसे किन इलाकों में पहुंचाया जाना था। इसके लिए आरोपियों के संपर्कों, मोबाइल फोन और उनकी गतिविधियों की जांच की जा रही है।

सप्लाई नेटवर्क की तलाश में जुटी पुलिस

एसएसपी अभिनंदन के मुताबिक ऑपरेशन सवेरा का उद्देश्य केवल छोटे स्तर पर मादक पदार्थ बेचने वालों को पकड़ना नहीं, बल्कि पूरे सप्लाई नेटवर्क तक पहुंचना है। पुलिस की अलग-अलग टीमें तस्करी की कड़ी से जुड़े लोगों की पहचान करने में लगी हुई हैं।

पुलिस इस बात की भी पड़ताल कर रही है कि गिरफ्तार आरोपियों के तार किन अन्य जिलों या राज्यों से जुड़े हुए हैं। आरोपियों के बताए गए पतों में सहारनपुर के अलावा बरेली और शाहजहांपुर का नाम सामने आने के कारण अंतरजिला संपर्कों की भी जांच की जा रही है।

मोबाइल फोन में मौजूद कॉल रिकॉर्ड, संपर्क और अन्य डिजिटल जानकारी जांच में महत्वपूर्ण साबित हो सकती है। हालांकि इनसे मिलने वाली जानकारी और किसी अन्य व्यक्ति की भूमिका की पुष्टि जांच के बाद ही की जाएगी।

संयुक्त टीम ने की कार्रवाई

इस कार्रवाई में नकुड़ थाना पुलिस के साथ एंटी नारकोटिक्स सेल, एसओजी और स्वाट टीम शामिल रही। पुलिस अधिकारियों के अनुसार नशा तस्करी के खिलाफ अभियान में अलग-अलग इकाइयों के बीच समन्वय बनाकर कार्रवाई की जा रही है।

सूचना मिलने के बाद टीमों ने संदिग्ध गतिविधियों पर नजर रखी और बिजली घर चौराहे के पास तीनों आरोपियों को पकड़ा। तलाशी और बरामदगी की कार्रवाई के बाद आरोपियों को थाने लाया गया।

इसके बाद एनडीपीएस एक्ट की संबंधित धाराओं के तहत मुकदमा दर्ज किया गया और कानूनी प्रक्रिया पूरी कर आरोपियों को न्यायालय के समक्ष पेश किया गया।

नशा तस्करी के खिलाफ जारी रहेगा अभियान

पुलिस अधिकारियों का कहना है कि जिले में नशीले पदार्थों की बिक्री और सप्लाई पर रोक लगाने के लिए अभियान आगे भी जारी रहेगा। मादक पदार्थों की तस्करी से जुड़े नेटवर्क के खिलाफ सूचना जुटाने के साथ संवेदनशील क्षेत्रों में निगरानी बढ़ाई जा रही है।

ऑपरेशन सवेरा के तहत पुलिस कथित सप्लायर, स्थानीय स्तर पर बिक्री करने वालों और नेटवर्क के अन्य सदस्यों तक पहुंचने की कोशिश कर रही है। इस मामले में भी गिरफ्तार आरोपियों से जुड़े संपर्कों की जांच के आधार पर आगे की कार्रवाई की जा सकती है।

फिलहाल पुलिस ने तीनों आरोपियों के खिलाफ एनडीपीएस एक्ट के तहत मामला दर्ज किया है। पुलिस का दावा है कि इस कार्रवाई से मादक पदार्थों की सप्लाई से जुड़े एक महत्वपूर्ण नेटवर्क पर चोट पहुंची है। मामले में आगे की जांच जारी है और नेटवर्क में किसी अन्य व्यक्ति की भूमिका सामने आने पर उसके खिलाफ भी नियमानुसार कार्रवाई की जाएगी।

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